Friday, September 3, 2021

चुनाव में नहीं चलेगी नेतागीरी, देना होगा विज्ञापन का हिसाब

resizedimage (3)दिल्ली।। इस बार चुनाव के दौरान निर्वाचन आयोग सोशल मीडिया पर भी कड़ी नजर रखेगा। न केवल इसके विज्ञापनों की खबर ली जाएगी, बल्कि वेबसाइटों के अपटेड पर होने वाले खर्च का हिसाब भी होगा। बैंकों को सख्त निर्देश दिए गए हैं कि वे सारे ट्रांजेक्शन की जानकारी जिला निर्वाचन कार्यालय को उपलब्ध कराएं। वहीं आयकर विभाग को भी अलर्ट किया गया है। ये जानकारी आज एडीएम छोटे सिंह ने चुनाव से जुड़ी बैठक में दी। इस बैठक में निर्वाचन अधिकारी, मीडिया प्रतिनिधि एवं राजनैतिक दलों के प्रतिनिधि मौजूद रहे।

मीडिया सर्टिफिकेशन कमेटी का गठन किया गया है। ये कमेटी चुनाव के दौरान प्रचार-प्रसार का सुपरविजन करेगी। रजिस्टर्ड दलों के प्रत्याशियों को 3 दिन पहले एवं गैर पंजीकृत दलों के प्रत्याशियों को 5 दिन पहले अपने विज्ञापन इस कमेटी के सामने प्रस्तुत करने होंगे।

पं[1]पलेट छापने वाले प्रिंटर्स भी बिना इस कमेटी की अनुमति के छपाई नहीं कर सकेंगे। मोबाइल कंपनियों को प्रत्याशियों द्वारा मैसेज से किए जा रहे चुनाव प्रचार की जानकारी भी कमेटी को देनी होगी और साथ में वो मजमून भी बताना होगा, जो संदेश के जरिये भेजा जाएगा। रेडियो स्टेशन को भी चुनाव से जुड़े अपने सभी कार्यक्रमों के प्रसारण के पहले इस कमेटी के सामने पेश करने होंगे। socal_media_header

आयोग इस बार पेड न्यूज पर ज्यादा सख्ती बरतने के मूड में है। निर्देश दिए गए हैं कि समाचार पत्रों एवं इलेट्रॉनिक चैनलों पर आने वाले प्रत्याशी से जुड़े कार्यक्रमों पर कमेटी नजर रखेगी और कमेटी ही ये तक करेगी कि ये न्यूज पेड है या नहीं।

– वाहन चाहे जितने उपयोग किए जा सकते हैं।

– खर्च करने की अधिकतम सीमा 16 लाख रुपए। 

– सभी सामग्रियों के दाम जारी किए जा चुके हैं।

– आयोग के निर्देशों का अध्ययन सबसे जरूरी।

 

(सा.भाष्कर.कॉम)

 

Leave a Reply