Monday, August 30, 2021

ऐश्वर्या से तलाक पर पहली बार तेजप्रताप बोले, मैं घुट-घुट कर जीना नहीं चाहता !

पटना. लालू यादव के बड़े बेटे तेजप्रताप और ऐश्वर्या राय की शादी टूटने के कगार पर पहुंच गई है। शादी के 175वें दिन तेज प्रताप ने फैमिली कोर्ट में तलाक की अर्जी दी। उन्होंने कहा, मैं अब और ऐश्वर्या के साथ नहीं रहना चाहता। मैं घुट-घुट कर नहीं जी सकता। बता दें कि ऐश्वर्या बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री दरोगा राय की पोती हैं। दोनों की शादी इसी साल 12 मई को हुई थी।

तेजप्रताप

तीन महीने से दोनों नहीं कर रहे थे बात

प्रधान न्यायाधीश उमा शंकर द्विवेदी की अदालत में हिंदू विवाह अधिनियम 1955 की धारा 13 (सी)(1ए) के तहत अर्जी दी गई है। पारिवारिक सूत्रों के मुताबिक, तीन माह से सीधे मुंह बात नहीं होने की परिणति तलाक की अर्जी के रूप में सामने आई है।

तलाक के पीछे बताई ये 3 बड़ी वजह

– तेजप्रताप ने तलाक के पीछे तीन वजह बताई है। उन्होंने कहा, मैं ऐश्वर्या के साथ नहीं रहना चाहता। हम दोनों के बीच आपसी तालमेल नहीं है। ऐसे में कोर्ट से आग्रह है वह तलाक की अनुमति दे।
– तेजप्रताप ने अर्जी में खुद के साथ साथ क्रूरता और टॉर्चर होने का तर्क दिया है।
– बोले- मैं कृष्ण हूं, पर ऐश्वर्या राधा नहीं है। अपनी राधा की तलाश में ही वृंदावन की सैर कर रहा हूं।

आखिरी बार मुंबई में साथ दिखे थे तेजप्रताप और ऐश्वर्या

तेज प्रताप और ऐश्वर्या शादी के बाद कार्यक्रमों में कम ही देखे गए। दोनों आखिर बार मुंबई में साथ दिखे थे। 23 मई को लालू यादव इलाज के लिए एशियन हार्ट अस्पताल मुंबई गए थे। उनके साथ बहू ऐश्वर्या और बेटे तेज प्रताप भी थे। पिछले दिनों ऐश्वर्या की तस्वीर राजद के पोस्टर पर दिखी थी। तब उनके राजनीति में आने की चर्चा हुई थी, हालांकि परिवार की तरफ से कहा गया था कि ऐश्वर्या अभी राजनीति में नहीं आ रही हैं।

चंद्रिका राय ने राबड़ी से मिल जतायी आपत्ति

ऐश्वर्या के पिता चंद्रिका राय ने कहा, ऐसी कोई बात ही नहीं है। हालांकि, देर शाम वे अपनी बेटी के साथ 10 सर्कुलर रोड पहुंचे और समधन राबड़ी देवी से तेजप्रताप द्वारा छोटे-मोटे अनबन पर इतना बड़ा निर्णय लेने पर आश्चर्य और आपत्ति जतायी। 10 सर्कुलर रोड में ही तेजप्रताप, उनकी बड़ी बहन मीसा भारती, छोटे भाई तेजस्वी समेत दोनों ही परिवार के लोगों के बीच इस पर देर रात तक विचार विमर्श जारी रहा।

शादी के 1 साल के भीतर नहीं दी जा सकती तलाक की अर्जी

तलाक की यह अर्जी कानूनी रूप से वैध नहीं है। नई व्यवस्था में शादी के एक वर्ष के पहले तलाक की अर्जी दी ही नहीं जा सकती। विशेष परिस्थिति में ऐसी अर्जी दाखिल करने के पहले, हाईकोर्ट की इजाजत जरूरी है। फैमिली कोर्ट अपने सामने आए ऐसे मामले में पूरा प्रयास करता है कि किसी भी हाल में शादी न टूटे। -योगेश चंद्र वर्मा, वरीय अधिवक्ता (पटना हाईकोर्ट)