Monday, September 6, 2021

सिर्फ 3 सेकेंड में मनचलों का हाथ तोड़ देंगी ये छात्राएं

x3सेल्फ डिफेंस बना हथियार, मदन मोहन मालवीय प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय की 500 छात्राओं ने ली पांच दिन तक ट्रेनिंग।

गोरखपुर/लखनऊ।। सेल्फ डिफेंस लड़कियों के लिए ही नहीं, कॉलेज और विश्वविद्यालय की छात्राओं के लिए भी अचूक हथियार बन रहा है। यही वजह है कि मदन मोहन मालवीय प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय की छात्राएं भी इसे सीखने के लिए आगे आ रही हैं। विश्वविद्यालय की 500 लड़कियों को सुबह सात बजे से साढ़े आठ बजे तक पांच दिवसीय सेल्फ डिफेंस की ट्रेनिंग दी गई। इस तकनीक से ये छात्राएं मनचलों का हाथ तीन सेकेंड में तोड़ सकती हैं। ट्रेनिंग के दौरान यहां के वाइस चांसलर ओंकार सिंह ने भी प्रशिक्षण लिया। रविवार को फाइनल ट्रेनिंग दी गई। इसके साथ ही सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाली 20 छात्राएं 15 अगस्त (स्वतंत्रता दिवस) को डिमांस्ट्रेशन देंगी। इसके साथ ही पांच दिवसीय ट्रेनिंग का समापन हो जाएगा।

गोरखपुर के मदन मोहन मालवीय प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय में पांच दिन तक चले सेल्फ डिफेंस के प्रशिक्षण में हथियार बंद बदमाशों से मुकाबला करने, निहत्थे होकर भी खुद का बचाव करने और दूसरों को बचाने के भी प्रशिक्षण दिए गए। यहां पर स्पेशल कमांडो की ट्रेनिंग भी दी गई, जिसमें यह भी बताया गया कि कैसे छात्राएं चार बदमाशों से एक साथ मुकाबला कर सकती हैं।x4

पुलिसकर्मियों ने ली है ट्रेनिंग

लखनऊ में करीब 600 पुलिसकर्मियों ने भी स्पेशल कमांडो टेक्निक की ट्रेनिंग ली है। यह ट्रेनिंग पुलिस लाइन में पिछले साल दी गई थी। स्पेशल कमांडो टेक्निक से पुलिसकर्मी कभी भी निहत्थे होने पर भी बदमाशों का मुकाबला कर सकते हैं। यशभारती पुरस्कार से सम्मानित अभिषेक यादव की इस ट्रेनिंग की डिमांड यूपी में ही नहीं, अब बिहार और हरियाणा में भी होने लगी है। जल्द ही वह बिहार के पटना और अन्य शहरों के स्कूलों में बड़े पैमाने पर ट्रेनिंग शुरू करने की योजना बना रहे हैं। अभिषेक यादव इसके पहले मुंबई में भी महिलाओं और लड़कियों को सेल्फ डिफेंस की ट्रेनिंग दे चुके हैं।

पिछले दिनों समाजवादी पार्टी के छात्रसभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष और एमएलसी सुनील सिंह साजन ने भी महिलाओं-लड़कियों को ट्रेनिंग लेने के लिए प्रेरित किया और खुद भी सेल्फ डिफेंस की स्पेशल कमांडो ट्रेनिंग ली थी। मुख्यमंत्री अखिलेश यादव प्रदेश में महिला सुरक्षा को लेकर गंभीर हैं। इसे देखते हुए 1090 वीमेन पावर लाइन और महिला सम्मान प्रकोष्ठ बनाकर हेल्पलाइन को मजबूत किया जा रहा है, यह संदेश पूरे देश में ही नहीं, बल्कि विदेशों में भी गया है। वहीं दूसरी ओर 1090 के साथ साथ महिला सम्मान प्रकोष्ठ भी लड़कियों को सेल्फ डिफेंस की ट्रेनिंग मुहैया करवा रहा है।

यूपी के हजारों स्कूलों में सेल्फ डिफेंस को लेकर स्पेशल कमांडो ट्रेनिंग देने वाले अभिषेक का मानना है कि अब इंजीनियरिंग की छात्राएं भी सरल और सहज ट्रेनिंग लेकर गंभीर हो रही हैं। यही वजह है कि गोरखपुर से लेकर दिल्ली और पटना के इंजीनियरिंग संस्थान भी सेल्फ डिफेंस की ट्रेनिंग को बढ़ावा दे रहे हैं। इस ट्रेनिंग में चाकूबाजी और अन्य विधाओं के बारे में भी बताया जा रहा है, जो खुद की सुरक्षा के लिए जरूरी होता है।

क्या कहते हैं सेल्फ डिफेंस के ट्रेनरx5

सेल्फ डिफेंस की ट्रेनिंग दे रहे अभिषेक यादव अभी कहते हैं कि मदन मोहन मालवीय विश्वविद्यालय की छात्राओं ने सबसे बेहतरीन प्रदर्शन किया है। लड़कियों ने परीक्षा के दौरान भी समय निकाला और प्रशिक्षण लिया। यह उनका खुद की सुरक्षा को लेकर मजबूत नजरिए को बताता है। इस स्पेशल ट्रेनिंग को लेकर पहले लड़कियों में भ्रम था कि इसमें कराटे और टाइक्वांडो की ट्रेनिंग दी जाएगी, लेकिन जब उन्हें पता चला कि इसमें खुद की सुरक्षा को लेकर बताया जा रहा है, तो लड़कियों में भारी जोश और उत्साह देखने को मिला। इस दौरान सेकेंडों में हाथ तोड़ने की स्पेशल ट्रेनिंग दी गई। इससे ये छात्राएं चैन स्नेचिंग, लाठी डंडे और चाकू से लैस 8 से 10 अपराधियों से मुकाबला भी कर सकती हैं।

फोटोः  गोरखपुर के मदन मोहन मालवीय प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय में सेल्फ डिफेंस की ट्रेनिंग देते हुए यशभारती पुरस्कार से सम्मानित अभिषेक यादव अभी।