Thursday, September 9, 2021

MLC चुनाव में दिल मिलाने की कोशिश, मायावती ने की अजीत से मुलाकात

26लखनऊ।। (अखिलेश कृष्ण मोहन) ।। यूपी एमएलसी चुनाव में आगामी विधानसभा चुनाव की अहट देखने को मिल रही है। बहुजन समाज पार्टी प्रमुख मायावती और राष्ट्रीय जनता दल अध्यक्ष अजीत सिंह की दिल्ली में हुई मीटिंग ने सियासी तूफान को बढ़ा दिया है, लेकिन इससे भी इनकार नहीं किया जा सकता है कि राज्यसभा की तरह विधायकों की खरीद फरोख्त होगी।

बीजेपी के 41 विधायक हैं। इसके बाद भी उसने एमएलसी के लिए दो उम्मीदवार उतारे हैं। दूसरे उम्मीदवार को एमएलसी बनने के लिए 26 और विधायकों की जरूरत पड़ेगी। इससे समझा जा सकता है कि इस बार यूपी विधान परिषद में चुनाव की गणित क्या होगी।

एमएलसी बनने के लिए कम से कम 31 विधायकों का समर्थन चाहिए, लेकिन समाजवादी पार्टी. जहां सात की जगह आठ उम्मीदवार उतार रही हैं वहीं, बसपा ने भी दो की जगह तीन उम्मीदवारों का पर्चा दाखिल करवाया है।

सोमवार को दिल्ली में बीएसपी प्रमुख मायावती ने आरएलडी के राष्ट्रीय अध्यक्ष चौधरी अजित सिंह से मुलाकात की है। इससे संभावना जताई जा रही है कि एमएलसी चुनाव में समर्थन को लेकर दोनों नेताओं के बीच बातचीत हुई है।aditya

बीएसपी ने एमएलसी चुनाव में अपने तीन प्रत्याशियों को उतारा है, जबकि आरएलडी ने अभी तक पत्ते नहीं खोले हैं। फिलहाल आरएलडी का गठबंधन कांग्रेस के साथ ही चल रहा है। आरएलडी के पास महज आठ विधायक हैं, लेकिन इनके आठ विधायक बीएसपी के लिए महत्वपूर्ण साबित हो सकते हैं।

इस विधान परिषद चुनाव से आगे की विधानसभा की रणनीति भी तय होगी। ऐसे में माना जा रहा है कि अजीत सिंह मायावती के साथ मिलकर विधानसभा चुनाव लड़ने की जुगत में है। यदि ऐसा होता है और अजीत सिंह अपने आठ विधायकों का समर्थन बसपता को दे देते हैं, तो उसके सभी सदस्य विधान परिषद पहुंच सकते हैं।

 फाइल फोटोः बाएं बसपा प्रमुख मायावती और दाएं राष्ट्रीय जनता दल प्रमुख अजीत सिंह।