Saturday, September 4, 2021

आरक्षण पर फिर RSS ने अलापा राग, योग्य को मिले कोटा

suresh-bhaiyaji-josh_145785391089_650x425_031316010014लखनऊ (अखिलेश कृष्ण मोहन)।। आरक्षण को लेकर भले ही आरएसएस गोलमोल जवाब देता है, लेकिन हर बार उसकी मंशा जाहिर हो ही जाती है। अब आरएसएस संघ के सरकार्यवाहक सुरेश भैयाजी जोशी ने कहा है कि संपन्न वर्ग को इसकी मांग नहीं करनी चाहिए। हालांकि उन्होंने कहा कि जातीय आधार पर ही आरक्षण सही है। लेकिन योग्य लोगों को आरक्षण मिलना चाहिए, इस पर विचार होना चाहिए।

आरक्षण के लिए क्या योग्यता होनी चाहिए इसको लेकर उन्होंने कोई जवाब नहीं दिया। उनका यह भी कहना था कि संपन्न लोगों को इसकी मांग नहीं करनी चाहिए। ऐसे में सवाल ये उठता है कि आरक्षण को लेकर संविधान और उसकी परिभाषा को आरएसएस क्यों नजर अंदाज करने में जुटा है। संविधान में लिखा गया है कि आरक्षण का धनी गरीब से लेना देना नहीं है, इसका सीधा संबंध प्रतिनिधित्व से है। प्रतिनिधित्व को पूरा करने के लिए आरक्षण को लाया जा रहा है।

उधर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के 91 साल के इतिहास में बड़ा बदलाव हुआ है। इसके महासचिव भैयाजी जोशी ने नागौर में प्रतिनिधि सभा में बताया कि अब राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की नई ड्रेस में खाकी हाफ पैंट की जगह भूरे रंग की फुल पैंट को जगह दी गई है। रंग को लेकर भैयाजी जोशी ने कहा कि इसके चुनने के पीछे कोई कारण नहीं है। साथ ही यह भी कहा कि केवल निकर की संघ की पहचान नहीं है।

जोशी ने इसे बड़ा बदलाव बताते हुए कहा कि आज के सामाजिक जीवन में पैंट नियमित रूप से शामिल है और इसी को देखते हुए हमने हमारा फैसला किया। हमने भूरे रंग पर फैसला किया जिसकी कोई विशेष वजह नहीं है, बल्कि यह आराम से उपलब्ध है और अच्छा दिखाई देता है। क्या इससे संघ स्वयंसेवकों की पहचान पर कोई असर पड़ेगा, इस प्रश्न पर जोशी ने कहा कि इसका कोई प्रतिकूल प्रभाव नहीं होगा और अगले चार-छह महीने में इसे सहजता से स्वीकार किया जाएगा।

फोटोः भैयाजी जोशी।