Monday, September 6, 2021

VIDEO: बर्खास्त सपा नेता सुनील की इस तरह हुई थी BSP सरकार में पिटाई

10476496_984167104976842_5140266908679280297_nलखनऊ (अखिलेश कृष्ण मोहन)।। समाजवादी पार्टी के युवा और तेजतर्रार नेता सुनील सिंह यादव ‘साजन’ को सपा से बर्खास्त कर दिया गया है। वजह कुछ भी हो, पार्टी में गुटबाजी और खींचतान भी हो सकती है, लेकिन पार्टी का यह कदम सपा के कई नेताओं मंत्रियों के गले नहीं उतर रहा है। यह भी बताया जा रहा है आगामी एमएलसी चुनाव (स्नातक) में सुनील सिंह यादव ‘साजन’ उन्नाव क्षेत्र से प्रबल दावेदार माने जा रहे थे। इसकी वजह से उनके राजनीतिक विरोधियों में हड़कंप था। विरोधियों ने साजिश कर पार्टी में गलत और भ्रामक जानकारी देकर कार्रवाई के लिए सपा मुखिया को मजबूर किया। 

सुनील ने पार्टी के कार्यकर्ताओं के साथ नेपाल में भूकंप पीड़ितों की मदद करने की टीम की कमान संभाली थी। नेपाल गए इस दल की मुख्यमंत्री ने भी काफी सराहना की थी। इसके साथ ही वह मुख्यमंत्री की कोर कमेटी के भी अहम सदस्य रहे हैं।

सुनील सिंह यादव ‘साजन’ पर बसपा सरकार में पुलिस ने किया था जनलेवा हमला, क्लिक कर देखिए वीडियो।

नेपाल मे भूकंप से हुई भीषण त्रासदी से पीड़ित लोगों की मदद करने के लिए मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के निर्देश पर समाजवादी पार्टी के युवा कार्यकर्ताओं का एक 50 सदस्यीय दल नेपाल गया था। इस दल की अगुआई समाजवादी पार्टी के युवा नेता सुनील सिंह यादव ‘साजन’ कर रहे थे।

इस दल मे उदयवीर सिंह फिरोजाबाद, महेंद्र यादव बस्ती, अरविंद गिरी बलिया, डा.इमरान कानपुर, अजीत प्रताप सिंह जौनपुर, रमेश श्रीवास्तव उन्नाव, समेत समाजवादी पार्टी के कई युवा नेता और कार्यकर्ता शामिल थे। समाजवादी पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं का यह दल राज्य सरकार की ओर से भेजी गई राहत सामग्री को सही ढंग से बंटवाने का काम किया था और वापस आने पर मुख्यमंत्री ने खुद ही तारीफ की थी।

सैफई महोत्सव में नहीं गए मुख्यमंत्री

यह भी बताया जा रहा है कि सुनील साजन की बर्खास्तगी को लेकर सीएम खासे नाराज हैं। उनसे कोई राय मशविरा नहीं लिया गया। इसकी वजह से वह शनिवार को सैफई महोत्सव में भी पत्नी डिम्पल यादव और बच्चों के साथ नहीं गए।

छात्रसभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष और दर्जा प्राप्त मंत्री भी रहे हैं सुनील

किसान परिवार से नेता बने सुनील उन्नाव जिले के बचुआखेड़ा गांव के रहने वाले हैं। वह छात्र जीवन से ही समाजवादी पार्टी से जुड़े रहे, बाद में समाजवादी पार्टी की छात्रसभा में राष्ट्रीय अध्यक्ष बने। समाजवादी पार्टी की सरकार बनने के बाद सुनील को यूपी सरकार ने दर्जा प्राप्त मंत्री बनाया था, लेकिन बाद में कोर्ट की दखलंदाजी के बाद सभी दर्जा प्राप्त मंत्रियों का पद वापस ले लिया गया था।

सुनील के बढ़ते कद को देखकर पार्टी के ही कई नेता बौखलाए

सुनील सिंह यादव ‘साजन’ की शिक्षा और कौशल को देखते हुए आगामी महीनों में होने वाले एमएलसी चुनाव (स्नातक) में उन्हें प्रबल दावेदार माना जा रहा था। सूत्रों के अनुसार यह भी बताया जा रहा है कि उनका विरोधी खेमा एमएलसी के रास्ते का उन्हें रोड़ा मानता रहा है। यही वजह है कि पंचायत चुनाव में गुटबाजी की गलत शिकायत कर उनके ऊपर कार्रवाई के लिए पार्टी को मजबूर किया गया।

फोटोः युवा नेता सुनील सिंह यादव ‘साजन’।