Saturday, September 4, 2021

विजय माल्या को पकड़ने में नाकामयाब हुआ ईडी, अदालत में दिया जवाब

नई दिल्ली. प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने सोमवार को अदालत में कहा कि फेरा मामले में आरोपी शराब कारोबारी विजय माल्या को अदालत में पेश करने के लिए उन्होंने कई बार कोशिश की, लेकिन ऐसा संभव नहीं हो पाया।

पटियाला हाउस स्थित मुख्य मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट दीपक सहरावत की अदालत ने ईडी के इस जवाब पर उससे पूछा कि उन्होंने माल्या की पेशी के लिए क्या ठोस कदम उठाए, अदालत ने यह भी पूछा कि माल्या तक समन तामील के लिए क्या प्रक्रिया अपनाई गई?

 

 

विजय माल्या

इस पर ईडी की तरफ से बताया गया कि उन्होंने माल्या के कार्यालय और घर पर नोटिस भेजा और लगाया। इसके अलावा अखबारों में नोटिस जारी किया। इस नोटिस में उन्हें साफतौर पर कहा गया कि वह उनके खिलाफ लंबित फेरा मामले में अदालत में हाजिर हों।

माल्या को भगोड़ा घोषित

अब अदालत ने इस मामले में सुनवाई के लिए अगली तारीख 22 दिसंबर तय की है। माना जा रहा है कि अगली तारीख पर ईडी माल्या को भगोड़ा घोषित कराने का अदालत से आग्रह करेगी।

 

यह भी पढ़े. बच्चों के सामने पत्नी की गर्दन काटकर फ्रिज में रखी फिर हुआ ये हाल

हालांकि अदालत पिछली सुनवाई पर ही माल्या को पेशी का आखिरी मौका देने संबंधी घोषणा कर चुकी है। इस मामले में अदालत ने बीते 8 नवंबर को माल्या को भगोड़ा करार देने की प्रक्रिया शुरू कर दी थी।

अदालत में पेश होने को तैयार नहीं

ईडी के अधिवक्ता एन. के. माट्टा ने पिछली सुनवाई पर अदालत में कहा था कि माल्या के खिलाफ खुला गैर जमानती वारंट जारी किए जा चुका है। इसके अलावा भी अन्य प्रयास किए गए हैं। लेकिन तमाम कोशिशों के बाद भी माल्या अदालत में पेश होने को तैयार नहीं हैं।

वापस आना चाहते हैं विजय माल्या

हालांकि लंदन में रह रहे माल्या की तरफ से बीते 9 सितंबर को अदालत में कहा गया था कि वह वापस आना चाहते हैं लेकिन सरकार द्वारा उनका पासपोर्ट रद्द किए जाने के चलते वह ऐसा नहीं कर पा रहे हैं। इस पर अदालत ने सरकार से जवाब मांगा था। सरकार की तरफ से कहा गया था कि उन्हें माल्या के वापस आने से कोई आपत्ति नहीं है।

 

फोटो-फाइल